दिव्यांग को मिली ट्राइसाइकिल: *दिव्यांगजन ट्राईसाईकिल व बेसाखी के साथ खुशी से झूमे दिव्यांगजनों को सशक्त व आगे बढ़ाने में सरकार की लाभ परक योजनाए है कारगर सरकार की दिव्यांगजन भरण पोषण अनुदान योजना द्वारा दिव्यांगजन को अब मिल रहे है 500 प्रतिमाह* रायबरेली,आज दिनाँक- 21 सितम्बर 2020 को प्रदेश के दृष्टिवाधित, मूक, बधिर, मानसिक तथा शारीरिक रूप से दिव्यांग व्यक्तियों जिनका जीवनयापन के लिए स्वयं का न तो कोई साधन है और न ही वे किसी प्रकार का ऐसा परिश्रम कर सकते हैै, के भरण-भोषण के लिए प्रदेश सरकार द्वारा दिव्यांग भरण पोषण अनुदान योजना के अन्तर्गत पूर्व में पेंशन वृद्धि 300 प्रति माह से अब बढ़कर 500 प्रति माह मिल रही है। इसके अलावा शारीरिक रूप से अक्षम व्यक्तियों को कृत्रिम अंग/सहायक उपकरण क्रय हेतु अनुदान भी दिया जाता है। दिव्यांग व्यक्तियों से विवाह करने पर प्रोत्साहन पुरस्कार योजना के तहत दम्पत्तियों में युवती के दिव्यांग होने की दशा में रूपये 20000/- दम्पत्तियों में युवक के दिव्यांग होने की दशा में रूपये 15000/- तथा युवक या युवती दोनो के दिव्यांग होने की दशा में रूपये 35000/- प्रदान की जाती है। उत्तर प्रदेश दिव्यांगजन सशक्तिकरण विभाग को 5 राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त कर देश में अग्रणी है। जनपद रायबरेली के खीरो, लालगंज आदि दूरदराज क्षेत्र से जनपद मुख्यालय पर आये दिव्यांगजन कल्लू, मो0 इरफान,देवसरन आदि ने बताया कि उन्हें ट्राईसाईकिल व बेसाखी सरकार के दिव्यांगजन विभाग से प्राप्त हुई है। जो कि हमारे जीवन को अच्छा व उज्ज्वल बनाने के लिए प्रेरित कर रही है। हम प्रतिदिन रोजमर्ररा के दिनों के कार्य नही कर पा रहे थे। दूसरे पर आश्रित थे अब हम ट्राईसाईकिल के माध्यम से परिवार के भरण पोषण के आवश्यक वस्तु बाजार से लाने में आसानी है। हम अपने छोटे बच्चों को भी ट्राईसाईकिल के माध्यम से उसे विद्यालय छोड़ते है और लेकर भी आ सकते है। सरकार की दिव्यांगजन विभाग द्वारा दी गई लाभ परक योजनाए दिव्यांगजनों के लिए लाभदायक के साथ ही उसको सशक्त करने में भी कार्यगार है। कृत्य:नायाब टाइम्स


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Schi baat:*खरी बात * संस्कारी औरत का शरीर केवल उसका पति ही देख सकता है। लेकिन कुछ कुल्टा व चरित्रहीन औरतें अपने शरीर की नुमाइश दुनियां के सामने करती फिरती हैं। समझदार को इशारा ही काफी है। इस पर भी नारीवादी पुरुष और नारी दोनों, कहते हैं, कि यह पहनने वाले की मर्जी है कि वो क्या पहने। बिल्कुल सही, अगर आप सहमत हैं, तो अपने घर की औरतों को, ऐसे ही पहनावा पहनने की सलाह दें। हम तो चुप ही रहेंगे।
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RTI: एक और खबर जरा हट के ... 🤔🤔🤔🤔 वाह खट्टर साहब वाह .. क्या जवाब मिला है आपकी सरकार से !!! चंडीगढ़: सूचना का अधिकार (RTI) के तहत मांगी गई जानकारी से पता चला है कि हरियाणा सरकार के पास मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर राज्य सरकार के कई कैबिनेट मंत्रियों और राज्यपाल सत्यदेव नारायण आर्य की नागरिकता से जुड़े दस्तावेज नहीं हैं. 20 जनवरी को पानीपत के रहने वाले एक्टिविस्ट पी.पी. कपूर ने इस संबंध में जानकारी पाने के लिए RTI दाखिल की थी. इस RTI में उन्हें जो जवाब मिला, वह काफी हैरान करने वाला था. पी.पी. कपूर की RTI में हरियाणा की पब्लिक इंफॉर्मेशन ऑफिसर पूनम राठी ने कहा कि उनके रिकॉर्ड में इस संबंध में कोई जानकारी नहीं है. उन्होंने कहा, 'माननीयों के नागरिकता संबंधी दस्तावेज चुनाव आयोग के पास हो सकते हैं.' बताते चलें कि पिछले साल सितंबर में विधानसभा चुनाव के दौरान मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने वादा किया था कि वह अवैध प्रवासियों को हरियाणा से निकालने के लिए राज्य में राष्ट्रीय नागरिक पंजी (NRC) लागू करेंगे.
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मंगलमय : *आपको और आपके परिवार को होली की हार्दिक शुभकामनाएं* मैं ईस्वर से प्राथना करता हूँ कि मृत्यु लोक पर आप स्वस्थ रहें। "होली के इस पर्व पर आप का जीवन हमेशा रंगों की तरह खिलता व महकता रहे,आपके वे सारे सपने पूरे हो जो आप के अपनो ने परिवार के साथ देखे हो !" नायाब अली लखनवी "सम्पादक"
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